आख़िर मैं ही क्यूँ ?
आख़िर मैं ही क्यूँ?
सपना सोच कर सोचूँ ,सोच कर देखूँ और देखकर पूरा करूँ आख़िर मैं ही क्यूँ ?
ऐसा तुम्हारा लिए नहीं, तुम यूँ ही करो ,ऐसा करूँ आख़िर मैं ही क्यूँ ?
दुख को क़िस्मत मान ,ख़ुशी से सह लूँ आख़िर मैं ही क्यूँ ?
सारे रिश्ते अपनाकर,अपना अस्तित्व ही खो दूँ आख़िर मैं ही क्यूँ?
लफ़्ज़ एक केवल फ़र्ज़ ,को ही ज़िंदगी की अपनी किताब में रख लूँ आख़िर मैं ही क्यूँ?
ख़ुशी की अपनी खुद की परिभाषा को औरों के लिए बदलूँ आख़िर मैं ही क्यूँ?
जो पूछे नहीं मेरी भावनाओं,मेरे मन को उनकी सोच के मुताबिक़ हमसफ़र उनका बन चलूँ आख़िर मैं ही क्यूँ?
दोस्ती,प्यार के मायनों को बेमतलब क़ायदों के लिए बदलाव ले आऊँ ,आख़िर मैं ही क्यूँ?
जन्म मुझे माँ ने ,कष्ट सह दिया तो व्यर्थ उसे करूँ आख़िर मैं ही क्यूँ?
बोलने से पहले,शब्दों को संस्कारों की कसौटी पर तोलूँ, आख़िर मैं ही क्यूँ?
अपनी भावनाओं को दुनिया की बेमानी सोच से डर ,ना कहूँ आख़िर मैं ही क्यूँ?
खवाहिशों को अपनी, बेमानी लोगों की भीड़ में दफ़न करूँ आख़िर मैं ही क्यूँ?
जो कल थे साथ वह आज नहीं, तो आज के साथी के मुताबिक़ ज़िंदगी की साँसें रोकूँ आख़िर मैं ही क्यूँ?
शक्ति संसार की संरचना की खुद में संजो ,अपना ही जीवन जीने में डर को महसूस करूँ आख़िर मैं ही क्यूँ?
DEEPSHREE

Very true real to life. ..really leaves hbehind a question
ReplyDeleteAakhir mai hi kyun. ...??
Tried to show the different colours of girl's life in different situations.
DeleteThanks 👍
wow...kitni gehrai ke sawaal hain ye....jo shayad har ladki ke mann main kabhi na kabhi aate hain ..vry bfully expressed
ReplyDeleteWowwwww
ReplyDeleteSo true & real
ReplyDeleteThanks 👍
DeleteSachhh.. aakhir tu hi kyon
ReplyDeleteAakhir hum he kyun.... soch Yahan rukti hai..👍
DeleteHmmmm very generic but difficult question. Mai hi kyon? Amazing..
ReplyDeleteHmmmm very generic but difficult question. Mai hi kyon? Amazing..
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